वो मुझे मेंहदी लगा हाथ दिखाकर रोई में किसी और की हूं इतना बता कर रोई! ................. में हैरान था उसकी ये बाते सुनकर मेरी नज़रे झुकने लगी थी तो मुझसे नज़रे मिलाकर रोई! ................ शायद मेरा पागलप...
वो तन्हा मंजर था जो देखा था हमने पीपल के पत्ते गिर रहे थे कसूर किसका था! शायद कसूर हवाओं का था या बेदर्द पतझड़ का था फिर भी जा जाने क्यों वो सितम किसका था!! ............ ...................... बड़ी रुस्तम वो ...