{एक अजनबी सी मुलाकात}
आज में बहुत खुश था।
और होता भी क्यों नहीं आज मेरी जिंदगी की पहेली नौकरी जो लगी थी
मुंबई मे दादर की टाटा टेली मे आज मे बहुत खुश था
आज मेरा पहला दिन था ऑफिस में सारा काम निपटा के 6:20 को ट्रेन पकड़ नी थी जल्दी से
ऑफिस से निकल कर ऑटो किया और आ गया
दादर रेल्व स्टेशन
ट्रेन का टाइम हो गया था जल्दी से टिकट बुक किया और आ गया ट्रेन में
बहुत भीड़ थी
मे अपने नजरे दौड़ा ही रहा था
मेरी नजर एक खाली सीट पे पड़ी
जिसमे एक लड़की बैठी हुई थी।
मैंने धीरे से कहा जी मैडम
ये सीट खाली है।तब उसने मुस्करा के कहा जी हा ये सीट खाली है।
मुझे बहुत शर्म आ रही थी।
शायद में माया नगरी में नया था
फिर भी मैंने हिम्मत करके उस लड़की से पूछा
जी मैडम आपका नाम
उसने मेरे सामने देखा और मुस्कराई
जी मेरा नाम सबनम अंसारी है।
मे दादर मे जॉब करती टीसीएस मे
फिर उसने मुझसे सवाल किया
जनाब आप बड़े शर्मीले लगते हो
कहा जा रहे हो आप
मैंने फिर हिम्मत करके जी मैडम थाने बेस्ट जा रहा हूं। और आप
उसने कहा वाउ मे भी थाने बेस्ट ही जा रही हूं
बस हमारी बातचीत शुरू भी हो गई
ना जाने कब थाने बेस्ट आ गया और पता भी नहीं चला।
बस हमारी दोस्ती की पहेली मुलाकात थी
ना जाने कब हम इश्क के दरिया में खोने लगे
वो सबनम अंसारी आज मिशेज शर्मा हो गई है।
आज शादी जी 15वी सालगिरह है। ना जाने एक छोटी सी मुलाकात मे
एक अनजाने सफर मे मुझे हमसफर जो मिल गया था।।
#हेमराज सारस्वत
Lalmdesar magra
बहुत ही शानदार कहानी
जवाब देंहटाएंNice👍
जवाब देंहटाएं💯💯💯
जवाब देंहटाएंLajvab
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